हिमाचल प्रदेश में सर्दी ने इस सीजन का अब तक का सबसे तीखा रूप दिखाना शुरू कर दिया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 11 जनवरी तक निचले और मैदानी इलाकों में घने कोहरे को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है, जबकि चार राज्यों में शीतलहर का प्रकोप बना हुआ है।

राज्य की ऊंची चोटियों पर बर्फबारी हो रही है, लेकिन मध्य व मैदानी इलाके अब भी बारिश और हिमपात को तरस रहे हैं। लाहौल-स्पीति के कोकसर में मंगलवार रात 3.4 सेंटीमीटर ताजा बर्फबारी दर्ज की गई, वहीं सोलन में जमीनी पाला पड़ने से ठंड और बढ़ गई है।

शीतलहर और कोहरे से जनजीवन प्रभावित

मंडी, कांगड़ा, बिलासपुर और हमीरपुर जिलों में शीतलहर का असर साफ नजर आ रहा है। बिलासपुर में घना, पौंटा साहिब में मध्यम और ऊना में हल्का कोहरा दर्ज किया गया। शुष्क ठंड के चलते लोगों की परेशानियां लगातार बढ़ रही हैं।

सीजन की सबसे सर्द रात, कई शहरों में तापमान माइनस में

राज्य के 9 शहरों में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है। राजधानी शिमला में इस सीजन की सबसे ठंडी रात रही, जहां न्यूनतम तापमान 1.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
सबसे ठंडा स्थान ताबो (माइनस 9.4°C) रहा, जबकि कुकुमसेरी, कल्पा, नारकंडा और मनाली में भी तापमान माइनस में चला गया।

13 जनवरी तक मौसम शुष्क, राहत की उम्मीद कम

मौसम विभाग के अनुसार 13 जनवरी तक प्रदेश में मौसम शुष्क रहेगा, जिससे फिलहाल बारिश या बर्फबारी की संभावना नहीं है। खासकर सुबह और रात के समय वाहन चालकों, बुजुर्गों और बच्चों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

शिमला-मनाली अब भी पहली बर्फबारी को तरसे

चौंकाने वाली बात यह है कि प्रमुख पर्यटन स्थल शिमला और मनाली शहर में अभी तक सीजन की पहली बर्फबारी नहीं हुई है। लंबे समय से बारिश न होने के कारण गेहूं, सेब और अन्य फसलों पर भी असर पड़ने लगा है।

हिमाचल में मरीजों को बड़ी राहत: 1000 रोगी मित्र तैनात करने का फैसला, हमीरपुर से होगी शुरुआत

error: Content is protected !!