जिला सोलन के कृष्णगढ़ क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश के मुख्यमंत्री से मुलाकात कर क्षेत्र के विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण और लंबे समय से लंबित मांगों को प्रमुखता से उठाया। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपते हुए कृष्णगढ़ सब तहसील को पूर्ण तहसील का दर्जा देने, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) कृष्णगढ़ का उन्नयन करने, स्थायी चिकित्सक की नियुक्ति सुनिश्चित करने तथा लगभग 40 वर्षों से बंद पड़ी कुठाड़–शिमला बस सेवा को दोबारा शुरू करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को बताया कि यदि इन मांगों को स्वीकृति मिलती है तो कृष्णगढ़ और आसपास के हजारों ग्रामीणों को प्रशासनिक, स्वास्थ्य और परिवहन सुविधाओं का सीधा लाभ मिलेगा। विशेष रूप से कुठाड़–शिमला बस सेवा दोबारा शुरू होने से विद्यार्थियों, सरकारी एवं निजी कर्मचारियों, व्यापारियों, वरिष्ठ नागरिकों और आम यात्रियों की वर्षों पुरानी समस्या का समाधान हो सकेगा
प्रतिनिधिमंडल ने यह भी कहा कि कृष्णगढ़ को पूर्ण तहसील का दर्जा मिलने से लोगों को छोटे-छोटे प्रशासनिक कार्यों के लिए दूर-दराज के कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। वहीं PHC कृष्णगढ़ के उन्नयन और स्थायी डॉक्टर की नियुक्ति से स्थानीय लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी और गंभीर मरीजों को दूर के अस्पतालों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की सभी मांगों को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने के साथ-साथ मांगों पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया।
प्रतिनिधिमंडल में जिला सोलन कांग्रेस के उपाध्यक्ष एवं पूर्व जिला परिषद उपाध्यक्ष प्रेम चंद ठाकुर, मडेसर के उपप्रधान रुद्र कंवर, दाड़वा पंचायत के पूर्व उपप्रधान हीरा लाल, कृष्णगढ़ पंचायत के प्रधान पुष्पेंद्र, जाड़ला पंचायत की प्रधान मधु चंदेल, बीडीसी सदस्य रवि कुमार, अनिल आंगिरस , डॉ. मदन शर्मा, संजीव, प्राण नाथ, अमरनाथ, मनसा राम, पुष्पेंद्र, नरेंद्र, प्रीतम, पदम देव, रोहित, श्याम लाल सहित क्षेत्र के कई गणमान्य लोग और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल रहे।
