स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग सोलन की मासिक समीक्षा बैठक मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. अजय पाठक की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित विभिन्न राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई तथा अधिकारियों को स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

बैठक के दौरान राष्ट्रीय गैर संचारी रोग कार्यक्रम के अंतर्गत रक्तचाप, मधुमेह और कैंसर की स्क्रीनिंग की स्थिति का आकलन किया गया। डॉ. अजय पाठक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति की समय पर जांच सुनिश्चित की जाए तथा चिन्हित रोगियों का नियमित फॉलो-अप और उपचार प्रभावी ढंग से किया जाए। उन्होंने कहा कि गैर संचारी रोगों की समय रहते पहचान और उपचार से गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।

राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने डेंगू, मलेरिया तथा अन्य वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाने पर बल दिया। उन्होंने स्रोत नष्ट करने, लार्वा सर्वेक्षण, फॉगिंग और जन-जागरूकता गतिविधियों को तेज करने के निर्देश दिए ताकि बरसात के मौसम में इन रोगों के संभावित खतरे को कम किया जा सके।

बैठक में राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम की प्रगति पर भी चर्चा की गई। डॉ. पाठक ने पूर्ण टीकाकरण सुनिश्चित करने, ड्रॉप आउट दर में कमी लाने तथा टीकाकरण सत्रों की नियमित निगरानी एवं रिपोर्टिंग करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने एचपीवी टीकाकरण अभियान के अंतर्गत पात्र बालिकाओं का शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया।

राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान एचआईवी स्क्रीनिंग और टेस्टिंग की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने आवश्यक टेस्ट किट की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने तथा अधिक से अधिक पात्र व्यक्तियों की जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि संक्रमण की समय पर पहचान और उपचार संभव हो सके।

बैठक में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं, परिवार कल्याण कार्यक्रम, राष्ट्रीय अंधता एवं दृष्टि दोष नियंत्रण कार्यक्रम तथा दुर्घटना एवं आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की भी समीक्षा की गई। डॉ. अजय पाठक ने सभी स्वास्थ्य संस्थानों में आवश्यक दवाइयों, चिकित्सा उपकरणों और मानव संसाधन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा सकें।

इसके अतिरिक्त आवश्यकता आधारित रोग निगरानी, रैपिड टेस्टिंग किट की उपलब्धता तथा उनके प्रभावी उपयोग पर भी विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में जिले के सभी खण्ड चिकित्सा अधिकारी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, जिला कार्यक्रम अधिकारी, स्वास्थ्य पर्यवेक्षक और विभिन्न राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।

स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने, रोगों की रोकथाम और समय पर उपचार सुनिश्चित करने के लिए सभी कार्यक्रमों की नियमित निगरानी जारी रहेगी।

सोलन के सभी स्वास्थ्य संस्थान राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य प्रणाली से जुड़ेंगे

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