हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने रविवार को सोलन में आयोजित राष्ट्रीय स्तरीय शूलिनी मेले के समापन समारोह की अध्यक्षता की। इस अवसर पर लेडी गवर्नर बिंदु गुप्ता भी उनके साथ मौजूद रहीं।
राज्यपाल ने जिला प्रशासन और शूलिनी मेला समिति को सफल आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा कि शूलिनी मेला केवल एक सांस्कृतिक उत्सव नहीं, बल्कि हिमाचल प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं और आस्था का जीवंत प्रतीक है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन सामाजिक समरसता को मजबूत करने, प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को संरक्षित रखने तथा पर्यटन को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
समारोह के दौरान स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल ने राज्यपाल को सम्मानित किया। राज्यपाल ने सोलन रेडक्रॉस सोसायटी के नव-नामित आजीवन सदस्यों को बैज प्रदान किए और मानव सेवा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना की। उन्होंने विश्वास जताया कि रेडक्रॉस से उनका जुड़ाव जिले में स्वैच्छिक सेवा गतिविधियों को और सशक्त बनाएगा।
इस अवसर पर राज्यपाल ने शूलिनी मेले के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं धार्मिक महत्व पर आधारित स्मारिका का विमोचन भी किया। इसके बाद उन्होंने स्थानीय कलाकारों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आनंद लिया, जिसमें हिमाचल की लोक संस्कृति और परंपराओं की मनमोहक झलक देखने को मिली।
समापन समारोह से पूर्व राज्यपाल ने सोलन के गंज बाजार स्थित ऐतिहासिक दुर्गा मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य और खुशहाली की कामना की। इस दौरान विधायक विनोद सुल्तानपुरी भी उपस्थित रहे।
उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने राज्यपाल सहित सभी अतिथियों का स्वागत किया। समारोह में प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों, शूलिनी मेला समिति, रेडक्रॉस सोसायटी के प्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने भाग लिया।
