स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री कर्नल डॉ. धनीराम शांडिल ने आज प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री एवं हिमाचल निर्माता स्वर्गीय डॉ. यशवंत सिंह परमार की 120वीं जयंती के अवसर पर चिल्ड्रन पार्क, सोलन स्थित उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि डॉ. वाई.एस. परमार का दूरदर्शी नेतृत्व, जनसेवा के प्रति समर्पण और हिमाचल प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिए उनका योगदान सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने कहा कि डॉ. परमार की दूरगामी सोच और मजबूत नेतृत्व के कारण ही हिमाचल प्रदेश को एक नई पहचान मिली और राज्य विकास की राह पर आगे बढ़ा।
डॉ. धनीराम शांडिल ने कहा कि आज हिमाचल प्रदेश पर्यटन, उद्योग, सड़क संपर्क, विद्युत परियोजनाओं और अन्य विकास कार्यों में जिस मुकाम पर पहुंचा है, उसकी मजबूत नींव डॉ. यशवंत सिंह परमार ने रखी थी। उन्होंने प्रदेश के संतुलित और समग्र विकास का सपना देखा, जिसे आगे बढ़ाने का कार्य लगातार किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल कराने में डॉ. परमार की भूमिका ऐतिहासिक रही है। उनका जीवन और कार्य आज भी जनप्रतिनिधियों तथा युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस पूर्व सैनिक प्रकोष्ठ के उपाध्यक्ष कर्नल संजय शांडिल, शहरी कांग्रेस समिति सोलन के अध्यक्ष पुनित शर्मा, खण्ड कांग्रेस सोलन के उपाध्यक्ष कुनाल सूद, कांग्रेस नेता अजय कंवर, विनोद, वेद प्रकाश, उपमंडलाधिकारी सोलन नीरजा शर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
