5 अगस्त 2026, बुधवार का दिन हिन्दू धर्म में विशेष धार्मिक महत्व रखता है। आज श्रावण मास (पूर्णिमांत) तथा आषाढ़ मास (अमांत) के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है। पंचांग के अनुसार आज कई शुभ एवं महत्वपूर्ण योग बन रहे हैं, जिनका प्रभाव पूजा-पाठ, धार्मिक अनुष्ठान और दैनिक शुभ कार्यों पर माना जाता है।
आज का पंचांग (5 अगस्त 2026)
- वार: बुधवार
- मास (पूर्णिमांत): श्रावण
- मास (अमांत): आषाढ़
- पक्ष: कृष्ण पक्ष
- तिथि: सप्तमी (रात्रि 8:44:31 बजे तक), इसके बाद अष्टमी
- नक्षत्र: अश्विनी (रात्रि 9:18:51 बजे तक)
- योग: शूल (शाम 5:28:30 बजे तक)
- करण: विष्टि (प्रातः 9:28:45 बजे तक), इसके बाद बव (रात्रि 8:44:31 बजे तक)
- विक्रम संवत: 2083
- प्रविष्टे / गत्ते: 20
धार्मिक महत्व
आज का दिन भगवान विष्णु, भगवान शिव और श्रीगणेश की पूजा के लिए शुभ माना जाता है। श्रावण मास होने के कारण शिवभक्त विशेष रूप से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक, रुद्राभिषेक एवं महामृत्युंजय मंत्र का जाप करते हैं। सप्तमी तिथि पर दान-पुण्य, व्रत एवं धार्मिक कार्यों का भी विशेष महत्व बताया गया है।
आज क्या करें?
- भगवान शिव का जल एवं बेलपत्र से अभिषेक करें।
- “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप करें।
- जरूरतमंद लोगों को अन्न, वस्त्र या अन्य उपयोगी वस्तुओं का दान करें।
- धार्मिक कार्यों में श्रद्धा एवं संयम बनाए रखें।
नोट: पंचांग की तिथियां और समय भारतीय मानक समय (IST) के अनुसार हैं। स्थान विशेष के अनुसार इनमें थोड़ा अंतर संभव है।
