भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा राजनीतिक हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि राज्य में पिछले लगभग चार वर्षों से राजनीतिक प्रतिशोध, बदले की भावना और लोकतांत्रिक संस्थाओं के दुरुपयोग की राजनीति की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार राजनीतिक विरोधियों को झूठे मामलों में फंसाकर लोकतांत्रिक आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली सरकार उन क्षेत्रों में भाजपा नेताओं पर कार्रवाई कर रही है, जहां कांग्रेस को चुनावों में हार का सामना करना पड़ा। उनके अनुसार जनता का जनादेश स्वीकार करने के बजाय सरकार राजनीतिक विरोधियों को निशाना बना रही है।
उन्होंने दावा किया कि धर्मशाला नगर निगम चुनाव में भाजपा की महापौर और उपमहापौर पद पर जीत के बाद भाजपा विधायक सुधीर शर्मा के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। इसी प्रकार देहरा विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस की हार के बाद भाजपा नेता होशियार सिंह को निशाना बनाया गया।
डॉ. बिंदल ने आगे कहा कि हमीरपुर जिला परिषद चुनाव में भाजपा को 19 में से 17 सीटों पर जीत मिली, जिसके बाद भाजपा विधायक आशीष शर्मा सहित अन्य नेताओं पर भी कार्रवाई की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि सोलन नगर निगम में भाजपा की सफलता के बाद वहां के भाजपा पार्षदों को भी राजनीतिक द्वेष का सामना करना पड़ा।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पूरे हिमाचल प्रदेश में भाजपा नेताओं को डराने और उनकी राजनीतिक गतिविधियों को प्रभावित करने के लिए सुनियोजित तरीके से झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। हालांकि उन्होंने कहा कि भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता जनता के बीच मजबूती से खड़ा है और ऐसी राजनीति से डरने वाला नहीं है।
डॉ. बिंदल ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार विकास, रोजगार और जनहित के मुद्दों पर विफल रही है तथा अपनी नाकामियों से जनता का ध्यान हटाने के लिए राजनीतिक प्रतिशोध का सहारा ले रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में हिमाचल प्रदेश की जनता भाजपा को स्पष्ट जनादेश देकर कांग्रेस सरकार को सत्ता से बाहर करेगी।
